हरियाणा में आंधी-तूफान का कहर, नूह में गिरी स्कूल की दीवार, 2 मासूम बच्चों की मौत और 4 गंभीर घायल
नूंह। हरियाणा के नूंह जिले में गुरुवार देर शाम अचानक आए तेज आंधी-तूफान और बारिश ने भारी तबाही मचाई है। धूलभरी आंधी की वजह से जहां जिलेभर में दर्जनों पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए, वहीं दो गांवों में हुए दर्दनाक हादसों ने दो मासूम बच्चों की जान ले ली। तेज आंधी से बचने के लिए सरकारी स्कूल की दीवार के पास खड़े 5 बच्चे मलबे के नीचे दब गए, जिनमें से एक की मौके पर ही मौत हो गई और चार गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके अलावा एक अन्य गांव में भी तूफान की चपेट में आने से एक बच्चे ने दम तोड़ दिया।
यह दर्दनाक हादसा जिले के टपकन गांव में हुआ। गांव के ही 8 से 10 बच्चे शाम के समय खेल रहे थे। तभी अचानक मौसम खराब हुआ और तेज आंधी चलने लगी। आंधी से खुद को बचाने के लिए बच्चे गांव के सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल की दक्षिण दिशा वाली दीवार का सहारा लेकर खड़े हो गए। अचानक वह 30-35 फुट लंबी दीवार भरभराकर बच्चों के ऊपर गिर गई। इस हादसे में 15 साल के मोहम्मद अयान (पुत्र अजहरुद्दीन) की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 4 अन्य बच्चे मलबे के नीचे दब गए।
हादसे का शोर सुनकर तुरंत ग्रामीण मौके पर दौड़े और मलबे में दबे बच्चों को बाहर निकाला। घायलों में 13 वर्षीय मासिक, 15 वर्षीय कामिल, 11 वर्षीय सुफियान और 13 वर्षीय वसीम शामिल हैं। सभी घायल बच्चों को तुरंत इलाज के लिए नल्हड़ स्थित शहीद हसन खान मेवाती सरकारी मेडिकल कॉलेज में भर्ती करवाया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। इस घटना से पूरे टपकन गांव में कोहराम मचा हुआ है और पीड़ित परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल है।
दीवार गिरने के इस हादसे के अलावा नूंह के चंदेनी गांव में भी तूफान ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। यहां भी तेज आंधी-तूफान के कारण हुए हादसे में 9 साल के अनसेफ खान (पुत्र हैदर खान) की जान चली गई। ग्रामीणों ने बताया कि अनसेफ अभी चौथी कक्षा में पढ़ता था। इन दोनों दर्दनाक घटनाओं की सूचना मिलते ही भारी पुलिस बल और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंच गईं। पुलिस ने दोनों मामलों की जांच शुरू कर दी है।
गुरुवार को आए इस तूफान और कई जगह हुई ओलावृष्टि से लोगों को भीषण गर्मी से तो राहत मिली, लेकिन इसने पूरे नूंह जिले को गहरे सदमे में डाल दिया है। आंधी की वजह से रास्तों पर गिरे पेड़ों को हटाने और टूटे हुए खंभों की मरम्मत कर बिजली सप्लाई बहाल करने के लिए बिजली विभाग और प्रशासन की टीमें लगातार काम कर रही हैं। प्रशासन की तरफ से हुए कुल नुकसान का आकलन भी किया जा रहा है।
