हरियाणा बिजली कर्मचारियों का अल्टीमेटम: 20 मई तक पक्के नहीं किए कर्मचारी तो अंबाला में होगा विशाल प्रदर्शन
- पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के 23 और 31 दिसंबर 2025 के आदेश के बावजूद हरियाणा सरकार कच्चे बिजली कर्मचारियों को पक्का करने में आनाकानी कर रही है।
- AHPC वर्कर्स यूनियन ने चेतावनी दी — 20 मई को बिजली मंत्री के अंबाला आवास पर विशाल प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपा जाएगा।
- बैठक में महिला शौचालय, सुरक्षा किट, पीने का पानी और पार्किंग शेड समेत कई अहम मांगें भी उठाई गईं।
सिरसा (Chopta Plus): रानियां बिजली घर प्रांगण में आॅल हरियाणा पावर कॉरपोरेशन वर्कर्स यूनियन की सब यूनिट की बैठक ज्वाला सिंह की अध्यक्षता में आयोजित हुई, जिसमें यूनियन ने हरियाणा सरकार को कड़ी चेतावनी दी। यूनियन के सीसी मेंबर राजेश भाकर और एसएस बेदी ने बताया कि पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने 23 और 31 दिसंबर 2025 को कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने का आदेश दिया था, लेकिन सरकार इसे लागू करने से बच रही है। अगर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो 20 मई को बिजली मंत्री हरियाणा के अंबाला आवास पर विशाल प्रदर्शन किया जाएगा।
हाईकोर्ट का आदेश, फिर भी सरकार चुप — कर्मचारियों में भारी रोष
यूनियन नेताओं ने स्पष्ट कहा कि पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट का फैसला सरकार के पाले में है, बावजूद इसके कच्चे बिजली कर्मचारियों को नियमित नहीं किया जा रहा। यूनियन ने चेताया कि अगर सरकार ने अब भी अनदेखी की तो 20 मई को अंबाला में बिजली कर्मचारियों का जनसैलाब उमड़ेगा और बिजली मंत्री को ज्ञापन सौंपा जाएगा। बैठक का संचालन सचिव सुनील दत्त भारु ने किया।
एसडीओ रानियां से अपील — ये मांगें तुरंत पूरी करें
बैठक में सब यूनिट से जुड़ी व्यावहारिक मांगों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। कर्मचारियों की ACR समय पर लिखने, महिला शौचालय की व्यवस्था करने, सुरक्षा किट उपलब्ध कराने, उपमंडल प्रांगण में पार्किंग शेड बनाने और सभी बिजली घरों में पीने के पानी की उचित व्यवस्था करने की मांग प्रमुखता से उठाई गई। यूनियन ने SDO रानियां से अपील की कि इन मांगों का शीघ्र समाधान किया जाए। बैठक में सर्कल सचिव मदनलाल कंबोज, यूनिट प्रधान गुलबाग सिंह संधू, उप प्रधान रविंद्र सिंह और ऐलनाबाद सचिव विजय मजोका समेत दर्जनों कर्मचारियों ने भाग लिया।
